जयपुर में 2 बच्चियों की दर्दनाक मौत, परिवार का रो-रो कर हुआ बुरा हाल
कब किसकी कैसे जान चली जाएं कोई नहीं बता सकता. ऐसी ही एक घटना शिप्रापथ इलाके से सामने आई है. यहां खेलते हुए दो बच्चियों टैंक में गिर गई और अपनी जान गवा दी.

New Delhi: शिप्रापथ इलाके में हुई एक दुखद दुर्घटना ने दो परिवारों की खुशियां छीन ली हैं. जगन्नाथपुरी सेकंड इलाके में खेलते समय दो मासूम बच्चियां पास ही बन रहे एक मकान में बने पानी के टैंक में गिर गई जिससे डूबने के कारण उनकी मौत हो गई. इस घटना के बाद पूरे इलाके में गहरे शोक का माहौल छा गया है.
गायब हुई बच्चियां
रिपोर्ट के अनुसार दोनों बच्चियां शाम करीब 7:15 बजे खेलने के लिए अपने घरों से निकली थी. अपनी रोज की दिनचर्या के अनुसार वे अपने घरों के बिल्कुल पास ही खेल रही थी. जब 15 से 20 मिनट बीत जाने के बाद भी वे वापस नहीं लौटीं तो उनके परिवार वाले चिंतित हो गए. इसके बाद परिवार के सदस्यों और पड़ोसियों ने बच्चियों की तलाश शुरू कर दी.
2 मासूम बच्चियों की मौत
कल शाम करीब 7:30 बजे राधिका और गौसिया अपने घरों के पास खुशी-खुशी खेल रही थी. उनके खेलने की जगह के ठीक बगल में भरतपुर के रहने वाले एक व्यक्ति का मकान बन रहा था. जिसका काम पिछले 10 दिनों से रुका हुआ था. मकान मालिक ने उस जगह पर 8 फुट गहरा पानी का टैंक बनवाया था जिसे पूरी तरह से खुला छोड़ दिया गया था. खेलते-खेलते बच्चियां गलती से इस खुले टैंक में गिर गई. घटनास्थल पर पड़ी उनकी छोटी-छोटी चप्पलें अब इन मासूम आत्माओं की एकमात्र बची हुई निशानी हैं.
तलाश के बाद भी नहीं मिली बच्चियां
इस दुखद घटना का शिकार बनी बच्चियों के माता-पिता मूल रूप से उत्तर प्रदेश और बिहार राज्यों के रहने वाले हैं. वे यहां किराए के मकान में रहते हैं और शारीरिक मेहनत तथा दिहाड़ी मजदूरी करके अपना गुजारा करते हैं. राधिका के पिता दिव्यांग हैं और वे एक तिपहिया साइकिल पर घूमकर मोबाइल फोन के कवर बेचकर अपना गुजारा करते हैं जबकि गौसिया के पिता एक पेंटर के तौर पर काम करते हैं. इन परिवारों के लिए उनकी बेटियां ही उनके जीवन का सबसे बड़ा सहारा और ताकत थी. जब शाम को बच्चियां घर नहीं लौटी तो उनके परिवारों ने पूरे मोहल्ले में उनकी खूब तलाश की. उनके बेजान शरीर उसी पानी के टैंक के अंदर मिले.
आखिरी पल हुआ कैद
घटना से कुछ देर पहले का CCTV फुटेज भी सामने आया है. फुटेज में दो मासूम बच्चियों को पानी की टंकी के आस-पास बेफिक्र होकर खेलते हुए देखा जा सकता है. उन्हें जरा भी अंदाजा नहीं था कि अगले ही पल उनके साथ क्या होने वाला है. सूचना मिलते ही, शिप्रापथ पुलिस तुरंत घटनास्थल पर पहुंची शवों को बरामद किया और उन्हें जयपुरिया अस्पताल की मोर्चरी में रखवा दिया जहां आज उनका पोस्टमार्टम किया जाएगा. पुलिस के अनुसार परिवार वालों की तरफ से अब तक कोई औपचारिक शिकायत दर्ज नहीं कराई गई है. पुलिस अपनी पहल पर लापरवाही की इस गंभीर घटना की जांच कर रही है.


